हाथ और उंगलियों में हल्की सूजन कई बार सामान्य कारणों से हो सकती है। ज्यादा नमक वाला खाना, गर्म मौसम, लंबे समय तक एक ही स्थिति में बैठे रहना या कुछ शारीरिक गतिविधियों के दौरान हाथ थोड़े सूजे हुए दिखाई दे सकते हैं। लेकिन अगर हाथों में बार-बार सूजन हो रही है या यह लंबे समय तक बनी रहती है, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। इसके पीछे शरीर में पानी जमा होना, गठिया, किडनी या हार्ट से जुड़ी समस्या समेत कई कारण हो सकते हैं।
खाने में जरूरत से ज्यादा नमक लेने पर शरीर में पानी रुकने की समस्या बढ़ सकती है। सोडियम शरीर के फ्लूड बैलेंस को प्रभावित करता है और कुछ लोगों में इसके कारण हाथ-पैरों में सूजन दिखाई दे सकती है। इसलिए अगर नमकीन और प्रोसेस्ड फूड ज्यादा खाने के बाद हाथों में सूजन महसूस होती है, तो डाइट पर ध्यान देना जरूरी है।
अगर आप लगातार कई घंटों तक बैठे या एक ही पोजिशन में रहते हैं, तो शरीर के कुछ हिस्सों में फ्लूड जमा हो सकता है। इसकी वजह से हाथों और बाजुओं में भी सूजन दिखाई दे सकती है। लंबे समय तक एक ही स्थिति में रहने के बजाय बीच-बीच में शरीर को चलाते रहना मददगार हो सकता है।
हाथों की सूजन का एक सामान्य कारण शरीर के टिश्यू में जरूरत से ज्यादा तरल जमा होना यानी एडिमा हो सकता है। अधिक नमक, लंबे समय तक एक ही स्थिति में रहना, कुछ दवाएं और कुछ स्वास्थ्य समस्याएं इसके पीछे हो सकती हैं। कुछ मामलों में सूजी हुई जगह को दबाने पर थोड़ी देर के लिए गड्ढा भी बन सकता है।
अगर हाथों में सूजन के साथ उंगलियों या कलाई के जोड़ों में दर्द और अकड़न भी रहती है, तो इसका संबंध अर्थराइटिस से हो सकता है। रूमेटाइड अर्थराइटिस हाथों और पैरों के छोटे जोड़ों को प्रभावित कर सकता है और इसमें दर्द व सूजन जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं।
हाथ में चोट लगने, मोच आने या किसी हिस्से पर ज्यादा दबाव पड़ने के बाद भी स्थानीय सूजन हो सकती है। ऐसी स्थिति में सूजन के साथ दर्द, लालिमा, गर्माहट या हाथ को हिलाने में परेशानी हो सकती है।
किडनी शरीर से अतिरिक्त पानी और नमक निकालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। किडनी की कार्यक्षमता प्रभावित होने पर शरीर में फ्लूड और सोडियम जमा हो सकता है, जिससे अलग-अलग हिस्सों में सूजन दिखाई दे सकती है। किडनी से जुड़ी सूजन पैरों और आंखों के आसपास भी नजर आ सकती है।
कुछ हृदय संबंधी स्थितियों में शरीर में फ्लूड जमा होने की समस्या हो सकती है। हालांकि सिर्फ हाथों में सूजन देखकर हार्ट की बीमारी का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता। अगर हाथों की सूजन के साथ पैरों या टखनों में सूजन, जल्दी थकान या सांस लेने में परेशानी जैसे लक्षण भी हों, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
अगर हाथों की सूजन बार-बार हो रही है, लगातार बनी हुई है या उसका कोई स्पष्ट कारण समझ नहीं आ रहा है, तो मेडिकल सलाह लेना बेहतर है। खासकर सूजन के साथ तेज दर्द, लालिमा, गर्माहट, बुखार, शरीर के दूसरे हिस्सों में सूजन या सांस फूलने जैसी समस्या हो तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। अचानक सांस फूलना या सीने में दर्द जैसी स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता की जरूरत हो सकती है।
नोट: हाथों में सूजन के कई कारण हो सकते हैं। यह जानकारी सामान्य जागरूकता के लिए है। लगातार या गंभीर लक्षण होने पर डॉक्टर से जांच और उचित सलाह लेना जरूरी है।